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दुनिया में धर्म किसका वर्चस्व? मुसलमान सबसे तेज, ईसाई टॉप पर, हिंदुओं की क्या है स्थिति….?

दुनिया में धर्म किसका वर्चस्व? मुसलमान सबसे तेज, ईसाई टॉप पर, हिंदुओं की क्या है स्थिति….?


पी एम भारत news; जों है सच

रिपोर्ट फरवरी 2026 में प्यू रिसर्च सेंटर ने जारी की गई है |

यह रिसर्च प्यू-टेम्पलटन वैश्विक धार्मिक भविष्य प्रोजेक्ट के तहत किया गया, जिसे प्यू चैरिटेबल ट्रस्ट, जॉन टेम्पलटन फाउंडेशन और टेम्पलटन धर्म ट्रस्ट का सहयोग मिला है | इस रिपोर्ट में 201 देशों और क्षेत्रों को शामिल किया गया है | हर देश में कम से कम एक लाख लोग 2010 या 2020 में मौजूद थे | यह आंकड़े 2020 तक की दुनिया की 99.98 प्रतिशत आबादी को कवर करते हैं | रैंकिंग के लिए प्यू के 2025 के उस डाटा का इस्तेमाल किया गया जिसमें 2010 से 2020 के बीच दुनिया के धार्मिक हालात में आए बदलावों का विश्लेषण किया गया था. इसके लिए 2,700 से ज्यादा जनगणना और सर्वे रिपोर्ट का सहारा लिया गया है | आइए इसे विस्तार से समझते हैं | प्यू ने देशों को मापने के लिए एक धार्मिक विविधता सूचकांक यानी RDI बनाया है | इसका स्कोर 0 से 10 के बीच होता है | अगर किसी देश में सिर्फ एक ही धर्म के लोग हों तो उसे 0 अंक मिलेंगे | अगर सात बड़े समूहों में बराबर-बराबर आबादी बंटी हो तो 10 अंक मिल सकते हैं. हालांकि किसी भी देश को पूरे 10 अंक नहीं मिले |
बता दें, इन सात समूहों में ईसाई, मुसलमान, हिंदू, बौद्ध, यहूदी, अन्य धर्मों के लोग और कोई धर्म न मानने वाले लोग शामिल हैं. अन्य धर्म में बहाई, जैन, सिख, शिंतो, ताओ, विक्का, पारसी और कई छोटे या पारंपरिक धर्म भी शामिल हैं | 201 देशों में से 8 देशों का स्कोर 7 से 10 के बीच है, जिन्हें बहुत ज्यादा विविधता वाला माना गया। वहीं 41 देशों का स्कोर 1 से भी कम है यानी वहां बहुत कम विविधता है. सबसे ज्यादा 89 देश मध्यम स्तर की विविधता वाले पाए गयें |
सिंगापुर सबसे आगे…………
9.3 अंक के साथ सिंगापुर दुनिया का सबसे ज्यादा धार्मिक विविधता वाला देश बना | यहां बौद्ध 31 प्रतिशत हैं, लेकिन कोई भी धर्म बहुमत में नहीं है | यहां 20 प्रतिशत लोग किसी धर्म से जुड़े नहीं हैं 19 प्रतिशत ईसाई, 16 प्रतिशत मुसलमान, 5 प्रतिशत हिंदू और 9 प्रतिशत अन्य धर्मों के लोग हैं | सूरीनाम दूसरे स्थान पर है और टॉप 10 में शामिल एकमात्र लैटिन अमेरिकी देश है. वहां 53 प्रतिशत ईसाई, 22 प्रतिशत हिंदू, 13 प्रतिशत मुसलमान और 8 प्रतिशत बिना धर्म वाले लोग हैं |

बता दें, टॉप 10 में ज्यादातर देश एशिया-प्रशांत क्षेत्र या अफ्रीका के सब-सहारा इलाके से हैं | इनमें ताइवान, दक्षिण कोरिया, ऑस्ट्रेलिया, मॉरीशस, गिनी-बिसाउ, टोगो और बेनिन शामिल हैं | फ्रांस यूरोप का एकमात्र देश है जो टॉप 10 में है | वहां 46 प्रतिशत ईसाई, 43 प्रतिशत बिना धर्म वाले और 9 प्रतिशत मुसलमान हैं. फ्रांस का स्कोर 6.9 है | तुलना के लिए दक्षिण कोरिया का स्कोर 7.3 और अमेरिका का 5.8 है |
सबसे कम विविधता वाले देश…….
कोई भी देश 0 अंक पर नहीं पहुंचा लेकिन यमन, अफगानिस्तान और सोमालिया सबसे कम विविधता वाले देश हैं | इन देशों में 99.8 प्रतिशत या उससे ज्यादा लोग मुसलमान हैं. दुनिया के 10 सबसे कम विविधता वाले देशों में से 8 में मुसलमानों की आबादी 99 प्रतिशत से ज्यादा है. बाकी दो देश तिमोर-लेस्ते और मोल्दोवा हैं जहां लगभग पूरी आबादी ईसाई है | बता दें, मध्य पूर्व और उत्तरी अफ्रीका क्षेत्र का औसत स्कोर 1.3 है, जो सबसे कम है. यहां 94 प्रतिशत आबादी मुसलमान है | इस क्षेत्र में यमन, मोरक्को, वेस्टर्न सहारा, इराक और ट्यूनीशिया जैसे देश सबसे कम विविधता वाले देशों में शामिल हैं |
2010 से 2020 के बीच क्या बदला…………
दुनिया में ईसाई अब भी सबसे बड़ा धार्मिक समूह हैं | उनकी संख्या 122 मिलियन बढ़कर 2.3 बिलियन हो गई है. लेकिन दुनिया की कुल आबादी में उनका हिस्सा 1.8 प्रतिशत घटकर 28.8 प्रतिशत रह गया. मुसलमान सबसे तेजी से बढ़े | उनकी संख्या 347 मिलियन बढ़ी जो बाकी सभी धर्मों की बढ़ोतरी से ज्यादा है. उनका वैश्विक हिस्सा बढ़कर 25.6 प्रतिशत हो गया | जो लोग किसी धर्म को नहीं मानते, उनकी संख्या 270 मिलियन बढ़कर 1.9 बिलियन हो गई | उनका हिस्सा 24.2 प्रतिशत है. यह बढ़ोतरी इसलिए भी हुई क्योंकि कई लोग खासकर ईसाई धर्म से अलग हुए हैं | हिंदुओं की संख्या 126 मिलियन बढ़कर 1.2 बिलियन हो गई और उनका हिस्सा 14.9 प्रतिशत पर स्थिर रहा |
बता दें, बौद्ध एकमात्र बड़ा समूह है जिसकी संख्या घटी है, उनकी संख्या 19 मिलियन घटी है जिसके बाद 324 मिलियन रह गई और हिस्सा 4.1 प्रतिशत हो गया | यहूदियों की संख्या करीब 10 लाख बढ़कर 14.8 मिलियन हो गई. उनका हिस्सा करीब 0.2 प्रतिशत है जो सबसे छोटा है. अन्य सभी धर्म मिलाकर दुनिया की 2.2 प्रतिशत आबादी बनाते हैं |
बता दें, 2020 तक दुनिया की 75.8 प्रतिशत आबादी किसी न किसी धर्म से जुड़ी थी | जबकि 24.2 प्रतिशत लोग किसी धर्म से जुड़े नहीं थे. 2010 में ये आंकड़े 76.7 और 23.3 प्रतिशत थे |
बड़े देशों में स्थिति……..
दुनिया के 10 सबसे ज्यादा आबादी वाले देशों में अमेरिका सबसे ज्यादा विविधता वाला है | वहां 64 प्रतिशत ईसाई, करीब 30 प्रतिशत बिना धर्म वाले और बाकी 6 प्रतिशत में मुसलमान, हिंदू, बौद्ध, यहूदी और अन्य धर्मों के लोग शामिल हैं | नाइजीरिया दूसरे स्थान पर है जहां मुसलमान और ईसाई दोनों की आबादी 40 प्रतिशत से ज्यादा है | पाकिस्तान इन 10 देशों में सबसे कम विविधता वाला है। वहां 97 प्रतिशत आबादी मुसलमान है और उसका स्कोर 0.8 है जबकि अमेरिका का 5.8 है |
क्षेत्र के हिसाब से तस्वीर……
एशिया-प्रशांत क्षेत्र सबसे ज्यादा विविधता वाला है. इसका स्कोर 8.7 है | यहां कोई एक धर्म बहुमत में नहीं है | सबसे बड़ा समूह बिना धर्म वाले लोग हैं, जो करीब एक-तिहाई हैं | यहां मुसलमान, हिंदू, बौद्ध, ईसाई और अन्य धर्मों के लोग बड़ी संख्या में हैं जबकि यहूदी कम हैं. उत्तर अमेरिका का स्कोर 6.0, सब-सहारा अफ्रीका का 5.9 और यूरोप का 5.6 है | इन तीनों क्षेत्रों में ईसाई बहुमत में हैं | लैटिन अमेरिका और कैरिबियन का स्कोर 3.1 है, जो मध्यम श्रेणी में आता है | वहां ईसाई बहुमत में हैं और बिना धर्म वाले लोगों की संख्या कम है |

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